*गोपीनाथ सिंह महिला महाविद्यालय गढ़वा में “एक पेड़ माँ के नाम” कार्यक्रम का सफल आयोजन*

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गढ़वा, 22 अगस्त 2025 (शुक्रवार)।

गोपीनाथ सिंह महिला महाविद्यालय गढ़वा में राष्ट्रीय सेवा योजना (एन.एस.एस.) इकाई के तत्वावधान में “एक पेड़ माँ के नाम” कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में महाविद्यालय की सचिव श्रीमती पूनम सिंह की गरिमामयी उपस्थिति रहीं।
कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलन के साथ किया गया। इसके पश्चात सचिव श्रीमती पूनम सिंह, प्राचार्य, प्राध्यापकगण एवं छात्राओं द्वारा सामूहिक रूप से परिसर में वृक्षारोपण किया गया। इस दौरान महाविद्यालय परिसर में लगभग 50 पौधों का रोपण किया गया। इन पौधों में फलदार, छायादार एवं औषधीय पौधे सम्मिलित थे। कार्यक्रम के दौरान एक पेड़ मा के नाम लगाने का संकल्प लिया गया।
श्रीमती पूनम सिंह ने छात्राओं को संबोधित करते हुए कहा कि पेड़ केवल धरती की शोभा नहीं बढ़ाते बल्कि जीवन का आधार हैं। जिस प्रकार माँ निस्वार्थ भाव से अपने बच्चों का पालन-पोषण करती है, उसी प्रकार वृक्ष भी बिना किसी अपेक्षा के हमें ऑक्सीजन, छाया, भोजन और जीवन प्रदान करते हैं। उन्होंने सभी छात्राओं से आह्वान किया कि वे अपने जीवन में कम से कम एक पौधा माँ के नाम अवश्य लगाएँ और उसकी देखभाल उतनी ही निष्ठा से करें जितनी श्रद्धा से वे माँ की सेवा करती हैं।

महाविद्यालय में राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई की समन्वयक डॉक्टर अनीता तूफानी ने सभी को संबोधित करते हुए कहा कि हम अपने घर में या घर के आसपास कम से कम एक वृक्ष जरुर लगे और यदि हम माँ और वृक्ष दोनों का सम्मान करेंगे तो आने वाली पीढ़ियाँ एक स्वस्थ और सुरक्षित वातावरण में जीवन जी सकेंगी।
इस अवसर पर महाविद्यालय की छात्राओं ने सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किया। गीत, नृत्य और संगीत की विभिन्न प्रस्तुतियों ने कार्यक्रम को जीवंत बना दिया। छात्राओं ने अपने मधुर स्वरों और भावपूर्ण नृत्य के माध्यम से पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। कार्यक्रम में कुछ छात्राओं ने पर्यावरण संरक्षण को लेकर कविता पाठ भी किया। छात्राओं द्वारा प्रस्तुत की गई कविताओं ने उपस्थित दर्शकों के मन में पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता और संवेदनशीलता का भाव जागृत किया।
सांस्कृतिक कार्यक्रम की प्रस्तुतियों में छात्राओं ने यह स्पष्ट किया कि पेड़ केवल वनों की शोभा नहीं हैं बल्कि यह हमारे अस्तित्व के रक्षक हैं। यदि हम वृक्षों का संरक्षण नहीं करेंगे तो आने वाली पीढ़ी को शुद्ध हवा, स्वच्छ जल और हरियाली से वंचित होना पड़ेगा। नृत्य प्रस्तुतियों के माध्यम से भी यह संदेश दिया गया कि वृक्षारोपण केवल एक औपचारिकता नहीं, बल्कि मानव जीवन के लिए अनिवार्य है।

महाविद्यालय प्राचार्य डॉ संजुक्ता कुमारी सिंह ने अपने संबोधन में कहा कि राष्ट्रीय सेवा योजना (NSS) का मूल उद्देश्य ही समाज में जागरूकता और सेवा भावना का विकास करना है। वृक्षारोपण जैसे कार्यक्रम न केवल पर्यावरण के संरक्षण में सहायक होते हैं, बल्कि छात्राओं के भीतर प्रकृति के प्रति संवेदनशीलता भी बढ़ाते हैं।

कार्यक्रम में महाविद्यालय के सभी प्राध्यापक, एन.एस.एस. स्वयंसेवक और छात्राएँ उत्साहपूर्वक उपस्थित रहीं। सभी ने पौधों की देखभाल का संकल्प लिया और यह निर्णय लिया कि आने वाले समय में इस अभियान को और भी व्यापक स्तर पर चलाया जाएगा।

कार्यक्रम का संचालन रंजीत कुमार सोनी ने किया। इस प्रकार, गोपीनाथ सिंह महिला महाविद्यालय में आयोजित “एक पेड़ माँ के नाम” कार्यक्रम न केवल वृक्षारोपण तक सीमित रहा, बल्कि छात्राओं की सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने इसे एक प्रेरणादायी और जन-जागरूकता अभियान का स्वरूप प्रदान किया।
अंत में हिंदी विभाग की विभागध्यक्ष डॉ शीशम साहू ने सभी को धन्यवाद ज्ञापित किया।

संजय कुमार यादव
Author: संजय कुमार यादव

संवाददाता

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