गढ़वा जीएन कान्वेंट(10+2) स्कूल में विश्व छात्र दिवस एवं डॉ एपीजे अब्दुल कलाम की जयंती पर विद्यार्थियों को दिया गया प्रेरणा संदेश। स्थानीय जीएन कान्वेंट स्कूल के प्रांगण में विश्व छात्र दिवस एवं भारत के पूर्व राष्ट्रपति महान वैज्ञानिक और मिसाइल मैन डॉक्टर एपीजे अब्दुल कलाम की जयंती के अवसर पर विद्यार्थियों को प्रेरित करने के उद्देश्य से विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत विद्यालय के निदेशक मदन प्रसाद केशरी उपप्राचार्य बसंत ठाकुर एवं वरिष्ठ शिक्षक-शिक्षिकाओं द्वारा डॉक्टर एपीजे अब्दुल कलाम के चित्र पर पुष्प अर्पित कर किया गया। उपस्थित छात्र -छात्राओं को संबोधित करते हुए निदेशक प्रसाद केशरी ने कहा कि डॉ एपीजे अब्दुल कलाम का जीवन प्रत्येक विद्यार्थी के लिए प्रेरणास्रोत है । एक साधारण परिवार में जन्म लेने के बावजूद उन्होंने अपनी मेहनत,लगन,अनुशासन और दृढ़इच्छाशक्ति के बल पर देश के सर्वोच्च संवैधानिक पद तक सफर तय किया। उनका जीवन इस बात का प्रमाण है कि यदि मन में कुछ कर गुजरने का संकल्प हो, तो कठिन परिस्थितियां भी सफलता के राह में बाधा नहीं बन सकती। उन्होंने कहा कि डॉक्टर कलाम को विद्यार्थियों से विशेष लगाव था।
वह मानते थे कि आज के बच्चे ही कल के वैज्ञानिक,शिक्षक, डॉक्टर,इंजीनियर,प्रशासक और देश के जिम्मेदार नागरिक बनेंगे। जिन पर देश का भविष्य टिका हुआ है। कल का नया भारत आज का विद्यार्थी ही तय करेगा। इसलिए विद्यार्थियों को केवल परीक्षा में अच्छे अंक प्राप्त करने तक सीमित नहीं रहना चाहिए बल्कि ज्ञान, नैतिकता, अनुशासन, कर्मठता और अच्छे संस्कारों को भी अपने जीवन का हिस्सा बनाना चाहिए। उन्होंने विद्यार्थियों से बड़े लक्ष्य निर्धारित करने,समय का सदुपयोग करने, नियमित अध्ययन करने और असफलताओं से निराश होने के बजाय उनसे सीख लेने की अपील की। उन्होंने यह भी कहा कि विद्यार्थियों में वैज्ञानिक सोच, शोध, रचनात्मकता,आत्म विश्वास और समाज के प्रति जिम्मेदारी की भावना विकसित होनी चाहिए।साथ ही उन्हें अपने माता-पिता,शिक्षकों और बड़ों का सम्मान करना चाहिए तथा देश की एकता और अखंडता बनाए रखने में योगदान देना चाहिए। विद्यार्थियों को यदि ज्ञान प्राप्त करनी है तो उन्हें सुख का त्याग करना होगा।।इस अवसर पर विद्यार्थियों को अच्छे अध्ययन के लिए टिप्स भी दिया गया वहीं यह भी व्यक्त किया गया कि जीएन कान्वेंट स्कूल का उद्देश्य भी विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के साथ अच्छे संस्कार प्रदान कर उन्हें जिम्मेदार नागरिक बनाना है। कार्यक्रम को सफल बनाने में शिक्षक शिक्षिकाओं सहित वीरेंद्र शाह, नीरा शर्मा, नीलम कुमारी, खुर्शीद आलम, कृष्ण कुमार, सुनीता कुमारी,सरिता दुबे, दिनेश कुमार,चंदा कुमारी,वर्षा कुमारी,मुकेश भारती,पूजा प्रकाश,संतोष प्रसाद आदि की भूमिका सराहनीय रही।
Author: संजय कुमार यादव
संवाददाता









